Nvidia बनी दुनिया की सबसे बड़ी मार्केट कैप वाली कंपनी
इंदौर। AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) क्रांति की तेज लहर में एक नया चैप्टर जुड़ गया है। ग्राफिक्स और प्रोसेसर चिप निर्माता कंपनी Nvidia ने 3.92 ट्रिलियन डॉलर के ऐतिहासिक मार्केट कैप को छू लिया है। इस उपलब्धि ने कंपनी को दुनिया की सबसे मूल्यवान कंपनी बना दिया है। इसने Apple के पहले के रिकॉर्ड ($3.915 ट्रिलियन, दिसंबर 2024) को भी पार कर दिया है।
क्यों Nvidia बन गई AI क्रांति की धुरी?
Microsoft, Google, Meta और Amazon जैसे टेक दिग्गज AI पर अरबों डॉलर खर्च कर रहे हैं। Nvidia उनके लिए बुनियादी हार्डवेयर मुहैया करवा रही है। ऐसे में यह Nvidia को AI इकोसिस्टम के लिए बहुत जरूरी बना देती है।
Nvidia के GPU (ग्राफिक्स प्रोसेसिंग यूनिट) कभी गेमिंग के लिए डिजाइन थे, जो कि अब बड़े-बड़े AI मॉडल जैसे GPT, Gemini और Grok को ट्रेन करने में अहम भूमिका निभा रहे हैं।
कंपनी के प्रोसेसर लगभग सभी प्रमुख AI डाटा सेंटर्स में लगे हुए हैं, जिससे Nvidia AI के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर का राजा बन गया है।
Nvidia का मार्केट वैल्यू 2021 से अब तक आठ गुना बढ़ चुका है। इसने $500 बिलियन से $3.92 ट्रिलियन तक का सफर तय किया है।
बाजार में बड़ी टेक कंपनियों से आगे
Nvidia ने बाजार पूंजीकरण के मामले में Microsoft ($3.7 ट्रिलियन), Apple ($3.19 ट्रिलियन), Google की पैरेंट कंपनी Alphabet ($2.3 ट्रिलियन) और Amazon ($2.2 ट्रिलियन) को पीछे छोड़ दिया है।
विशेष बात यह है कि Nvidia की यह वैल्यूएशन ब्रिटेन के पूरे स्टॉक मार्केट से भी बड़ी है और कनाडा व मैक्सिको की सभी पब्लिक कंपनियों के कुल मूल्य से अधिक है।
चिप किंग से अरबपति बादशाह
Nvidia के CEO जेनसन हुआंग की संपत्ति भी कंपनी के साथ आसमान छू रही है।
2025 में नेट वर्थ: $139 बिलियन
सिर्फ 2025 में संपत्ति में वृद्धि: $25 बिलियन
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